गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप को सौंपी गई जांच की जिम्मेदारी, पारदर्शिता बढ़ाने के लिए दिए जाएंगे सुझाव
ऋषिकेश/देहरादून: श्री बदरीनाथ धाम मंदिर में कथित दान चोरी के आरोपों के बाद उत्तराखंड सरकार ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया है। गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप को समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। समिति में संदीप तिवारी और जगत सिंह चौहान को सदस्य बनाया गया है।
ANI से बातचीत में गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप ने बताया कि समिति मामले की विस्तृत जांच करेगी और भविष्य में दान प्रबंधन प्रणाली को अधिक पारदर्शी एवं विवाद-मुक्त बनाने के लिए सुझाव भी सरकार को सौंपेगी।
क्या कहा समिति अध्यक्ष आनंद स्वरूप ने?
आनंद स्वरूप ने कहा कि सरकार द्वारा गठित यह समिति शिकायतकर्ताओं, मंदिर प्रशासन और अन्य संबंधित पक्षों से संपर्क कर उनकी राय और पक्ष सुनेगी। इसके बाद सभी तथ्यों की जांच कर विस्तृत रिपोर्ट सरकार को सौंपी जाएगी।
“यह तीन सदस्यीय समिति मामले की जांच करेगी और व्यवस्था को अधिक पारदर्शी एवं सुव्यवस्थित बनाने के लिए सुझाव देगी ताकि भविष्य में किसी प्रकार का विवाद न हो।”
दान प्रबंधन व्यवस्था पर रहेगा फोकस
समिति केवल आरोपों की जांच तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि मंदिर में दान संग्रह, रिकॉर्ड प्रबंधन और निगरानी व्यवस्था की भी समीक्षा करेगी। रिपोर्ट में ऐसी व्यवस्थाओं का सुझाव दिया जाएगा जिससे श्रद्धालुओं का विश्वास और मजबूत हो सके।
समिति के सदस्य
- आनंद स्वरूप – अध्यक्ष (गढ़वाल आयुक्त)
- संदीप तिवारी – सदस्य
- जगत सिंह चौहान – सदस्य
मुख्य बातें
- बदरीनाथ धाम में कथित दान चोरी मामले की जांच शुरू होगी।
- उत्तराखंड सरकार ने 3 सदस्यीय समिति गठित की।
- गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप समिति के अध्यक्ष बनाए गए।
- शिकायतकर्ताओं और संबंधित पक्षों के बयान दर्ज किए जाएंगे।
- दान व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए सुझाव दिए जाएंगे।
- जांच रिपोर्ट सरकार को सौंपी जाएगी।
Source: ANI UP/Uttarakhand