अयोध्या दान घोटाला मामला: धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री बोले- “यह केवल पाप नहीं, महापाप है”
अयोध्या: राम मंदिर दान राशि के कथित गबन मामले को लेकर बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह केवल पाप नहीं बल्कि महापाप है और इस कृत्य में शामिल लोगों को भगवान के साथ-साथ कानून भी सजा देगा।
अयोध्या में मीडिया से बातचीत के दौरान धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि पूरे मामले की जांच चल रही है और देश की न्याय व्यवस्था तथा विशेष जांच दल (SIT) पर सभी को पूरा भरोसा रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
“दोषियों को भगवान और कानून दोनों सजा देंगे”
धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा, “यह केवल पाप नहीं बल्कि महापाप है। इस तरह के कृत्य करने वालों को भगवान भी दंड देंगे और देश का कानून भी उन्हें नहीं छोड़ेगा। हमें देश की न्याय व्यवस्था, सरकार और SIT की जांच पर विश्वास रखना चाहिए।”
उन्होंने कहा कि जो भी लोग इस मामले में दोषी पाए जाएंगे, उन्हें कानून के अनुसार सजा मिलेगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।
“कलियुग नहीं, छलयुग का समय”
बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर ने कहा कि वर्तमान समय को केवल कलियुग कहना पर्याप्त नहीं है, बल्कि यह “छलयुग” बन चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि समाज में आस्था को कमजोर करने और संतों, महंतों, मठों तथा मंदिरों की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने के लिए सुनियोजित साजिशें रची जा रही हैं।
उन्होंने लोगों से सतर्क रहने की अपील करते हुए कहा कि ऐसे समय में समाज को भ्रम फैलाने वाली ताकतों से सावधान रहना चाहिए।
SIT जांच जारी
धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि मामले की जांच अभी जारी है और जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। उन्होंने कहा कि सत्य सामने आएगा और दोषियों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई होगी।
उन्होंने दोहराया कि देश की न्याय व्यवस्था मजबूत है और जांच एजेंसियां अपना काम कर रही हैं। ऐसे में लोगों को अफवाहों से बचना चाहिए और जांच पूरी होने का इंतजार करना चाहिए।
निष्कर्ष
राम मंदिर दान राशि के कथित गबन मामले ने देशभर में चर्चा पैदा कर दी है। इस बीच धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के बयान ने मामले को नया राजनीतिक और सामाजिक आयाम दे दिया है। अब सभी की नजर SIT जांच की रिपोर्ट और आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई है।
Source: ANI