आजमगढ़ में विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर साइबर ठगी करने वाला अभियुक्त गिरफ्तार
आजमगढ़: विदेश में नौकरी दिलाने का सपना दिखाकर लोगों से ठगी करने वाले एक साइबर अपराधी को आजमगढ़ पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी फर्जी मालदीव वर्क परमिट तैयार कर नौकरी के इच्छुक लोगों से धनराशि वसूलता था। पुलिस ने उसके कब्जे से फर्जी दस्तावेज, मोबाइल फोन और अन्य सामान बरामद किया है।
फर्जी वर्क परमिट बनाकर लोगों को बनाता था शिकार
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी इंटरनेट से मालदीव के वर्क परमिट डाउनलोड करता था और एडिटिंग के जरिए उनमें अलग-अलग व्यक्तियों का नाम व विवरण जोड़कर फर्जी दस्तावेज तैयार करता था। इसके बाद वह व्हाट्सएप और हार्ड कॉपी के माध्यम से लोगों को वर्क परमिट भेजकर विदेश में नौकरी दिलाने का भरोसा देता था।
आरोपी अपने पुराने संपर्कों का इस्तेमाल कर बेरोजगार युवाओं और श्रमिकों को निशाना बनाता था। विदेश में बेहतर रोजगार का लालच देकर उनसे मोटी रकम वसूलने की जानकारी भी जांच में सामने आई है।
साइबर सेल और सिधारी पुलिस की संयुक्त कार्रवाई
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान “साइबर ठगी के जड़ में वार” के तहत साइबर सेल और थाना सिधारी पुलिस की संयुक्त टीम ने अभियुक्त को गिरफ्तार किया।
बरामदगी में क्या-क्या मिला?
- 02 फर्जी मालदीव वर्क परमिट
- 01 सैमसंग मोबाइल फोन
- 01 आधार कार्ड
- ₹200 नकद
- घटना में प्रयुक्त प्लेटिना मोटरसाइकिल
कई धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) तथा आईटी एक्ट की धारा 66C के तहत मुकदमा दर्ज किया है। मामले में आगे की जांच जारी है। पुलिस आरोपी के बैंक खातों, सहयोगियों और संभावित पीड़ितों की भी जांच कर रही है।
विदेश में नौकरी दिलाने वाले एजेंटों से रहें सावधान
आजमगढ़ पुलिस ने लोगों से अपील की है कि विदेश में नौकरी, वीजा या वर्क परमिट दिलाने के नाम पर किसी भी व्यक्ति या एजेंसी को धनराशि देने से पहले उसकी वैधता की जांच अवश्य करें। किसी भी साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर संपर्क करें या राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।
Focus Keyphrase: विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर साइबर ठगी